हरदा में MSP और फसल बीमा को लेकर किसानों का हाईवे पर प्रदर्शन, इंदौर-नागपुर मार्ग पर यातायात प्रभावित
मूंग की 100 प्रतिशत खरीदी न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर सुनिश्चित करने, खरीदी केंद्रों की संख्या बढ़ाने और खरीफ-2025 की लंबित फसल बीमा राशि का भुगतान कराने की मांग को लेकर बुधवार को हरदा के पास किसानों ने इंदौर-नागपुर नेशनल हाईवे पर चक्काजाम कर दिया। हजारों किसान हाईवे पर टेंट लगाकर धरने पर बैठ गए, जिससे दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं और यात्रियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
आंदोलन को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। करीब 500 पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है, जबकि किसान संगठनों का दावा है कि प्रदर्शन में जिलेभर से लगभग 20 हजार किसान शामिल होंगे।
टेंट लगाने को लेकर हुई बहस
धरना शुरू होने के दौरान किसानों ने नेशनल हाईवे पर टेंट लगाने की तैयारी की, जिस पर प्रशासनिक अधिकारियों ने आपत्ति जताई। कुछ समय के लिए माहौल तनावपूर्ण रहा, लेकिन एसडीएम की समझाइश के बाद मामला शांत हो गया और किसान निर्धारित स्थान पर धरने पर बैठ गए। आम किसान यूनियन के नेता राम इनानिया ने कहा कि विभिन्न गांवों से लगातार किसान प्रदर्शन स्थल पर पहुंच रहे हैं।
किसानों की प्रमुख मांगें
- ग्रीष्मकालीन मूंग की पूरी उपज की MSP पर खरीदी की जाए।
- जिले में खरीदी केंद्रों की संख्या बढ़ाई जाए।
- खरीफ-2025 की लंबित फसल बीमा राशि किसानों के खातों में जल्द जारी की जाए।
सरकार पर वादे से पीछे हटने का आरोप
प्रदर्शन कर रहे किसानों का आरोप है कि इस बार सरकार केवल सीमित मात्रा में मूंग की खरीदी कर रही है। उनका कहना है कि पहले प्रति हेक्टेयर 10 से 12 क्विंटल तक खरीदी होती थी, लेकिन इस बार उत्पादन अधिक होने के बावजूद खरीद सीमा घटाकर करीब 3 क्विंटल प्रति हेक्टेयर कर दी गई है। किसानों ने इसे सरकार की वादाखिलाफी बताते हुए विरोध दर्ज कराया।
प्रशासन अलर्ट, अतिरिक्त पुलिस बल तैनात
स्थिति को देखते हुए नर्मदापुरम, रायसेन, बैतूल, इंदौर और छिंदवाड़ा से अतिरिक्त पुलिस बल बुलाया गया है। एसपी शशांक ने बताया कि प्रदर्शन स्थल और हाईवे पर लगातार निगरानी रखी जा रही है ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे और किसी अप्रिय स्थिति से बचा जा सके।
कलेक्टर ने किया निरीक्षण
आंदोलन शुरू होने से पहले कलेक्टर सिद्धार्थ जैन, एसपी शशांक और अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। उन्होंने सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया और अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। वहीं, हाईवे पर चक्काजाम के चलते इंदौर-हरदा मार्ग पर आवागमन काफी देर तक प्रभावित रहा। प्रशासन वैकल्पिक यातायात व्यवस्था और हालात सामान्य करने के प्रयास में जुटा रहा।