कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गई विदिशा की इंजीनियर लापता: फोन घंटी जा रही, लेकिन संपर्क नहीं; 8 अगस्त को निकली थीं

विदिशा। मध्य प्रदेश के विदिशा की रहने वाली और कनाडा के टोरंटो में रह रहीं इंजीनियर स्वाती बागरेचा कैलाश मानसरोवर यात्रा के दौरान लापता हो गई हैं। 26 अगस्त की सुबह करीब 9 बजे चीन-तिब्बत सीमा के पास उनसे परिवार का संपर्क टूट गया। परिजन के अनुसार, स्वाती के मोबाइल पर अभी भी रिंग जा रही है। हालांकि, वह कॉल रिसीव नहीं कर रही हैं। परिवार को मोबाइल की लोकेशन चीन बॉर्डर के आसपास मिलने की जानकारी मिली है।
स्वाती के लापता होने की सूचना मिलने के बाद परिवार ने संबंधित एजेंसियों से मोबाइल लोकेशन को तकनीकी रूप से ट्रैक करने की मांग की है। परिवार का कहना है कि इससे स्वाती की सही स्थिति का पता लगाने में मदद मिल सकती है।

77 यात्रियों के साथ 8 अगस्त को निकली थीं
परिजनों के अनुसार, स्वाती 8 अगस्त को सद्गुरु फाउंडेशन/ईशा फाउंडेशन के 77 यात्रियों के समूह के साथ कैलाश मानसरोवर यात्रा पर निकली थीं। करीब दो सप्ताह की यात्रा के दौरान वह 14 अगस्त को काठमांडू पहुंचीं। यहां वह दो दिन रुकीं। इसके बाद यात्रा दल चीन के क्षेत्र में दाखिल हुआ। अलग-अलग पड़ावों से होते हुए समूह मानसरोवर पहुंचा। यहां यात्रियों ने दो दिन प्रवास किया। परिजनों के मुताबिक, स्वाती ने मानसरोवर की परिक्रमा नहीं की थी।
अंतिम पड़ाव से करीब 100 किमी पहले टूटा संपर्क
वापसी के दौरान यात्रियों का समूह अलग-अलग स्थानों पर रुका। यात्रा का अंतिम पड़ाव सागर टाउन बताया गया है। इससे करीब 100 किलोमीटर दूर समूह मेडिटेशन के लिए पहुंचा था। इसी दौरान 26 अगस्त की सुबह करीब 9 बजे स्वाती के बारे में परिवार को आखिरी जानकारी मिली।
इसके बाद उनसे संपर्क नहीं हो पाया। यात्रा शुरू होने के बाद स्वाती लगातार परिवार के संपर्क में थीं। वह अलग-अलग पड़ावों से अपनी जानकारी देती थीं। आखिरी बार उन्होंने व्हाट्सऐप मैसेज के जरिए परिवार को जानकारी दी थी।
मोबाइल पर आ रही रिंग, लेकिन कॉल रिसीव नहीं
परिजन के अनुसार, स्वाती के मोबाइल पर फोन करने पर रिंग जा रही है। लेकिन वह कॉल रिसीव नहीं कर रही हैं। परिवार को मिली जानकारी के मुताबिक, मोबाइल की लोकेशन चीन बॉर्डर के आसपास आ रही है।
परिजनों का कहना है कि लोकेशन में एक-दो किलोमीटर का अंतर हो सकता है। संबंधित एजेंसियां यदि मोबाइल की लोकेशन को तकनीकी तरीके से ट्रैक करें तो स्वाती की सही स्थिति का पता लगाया जा सकता है।

भारत, नेपाल और कनाडा की एंबेसी से संपर्क
स्वाती की तलाश के लिए परिवार ने प्रशासनिक और राजनयिक स्तर पर प्रयास शुरू कर दिए हैं। कनाडा एंबेसी के साथ भारतीय और नेपाली एंबेसी से भी संपर्क किया गया है। परिजनों ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान से भी बातचीत की है। मानवाधिकार आयोग की सदस्य प्रियंक कानूनगो से संपर्क किए जाने की जानकारी भी परिवार ने दी है।
रक्षाबंधन के मौके पर जिस परिवार में खुशियां होनी थीं, वहां अब स्वाती की सकुशल वापसी का इंतजार है। स्वाती अपनी बेटी को परिवार के पास छोड़कर कैलाश मानसरोवर यात्रा पर गई थीं।
अब परिवार की नजर उनके मोबाइल फोन पर टिकी है। फोन की घंटी बजते ही परिजनों को उम्मीद होती है कि शायद दूसरी तरफ स्वाती होंगी। लेकिन कॉल रिसीव नहीं होने से उनकी चिंता लगातार बढ़ रही है।
विधायक बोले- संबंधित एजेंसियों से लगातार संपर्क
विदिशा विधायक मुकेश टंडन स्वाती के परिवार से मिलने पहुंचे। उन्होंने परिजन से पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली और हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया। विधायक ने कहा कि बागरेचा परिवार के साथ स्वाती के शुभचिंतक भी चिंतित हैं।
संबंधित एजेंसियों से संपर्क कर स्वाती का पता लगाने की कोशिश की जा रही है। परिवार भी अपने स्तर पर लगातार प्रयास कर रहा है। उन्होंने संबंधित एजेंसियों से जल्द से जल्द मोबाइल लोकेशन ट्रेस कर स्वाती की सही स्थिति का पता लगाने और उनकी सकुशल वापसी सुनिश्चित करने की अपील की।