100 किमी से ज्यादा पैदल चले कांवड़िए: जानापाव से जल लेकर पीथमपुर पहुंचे; नर्मदेश्वर मंदिर में होगा जलाभिषेक

पीथमपुर। सावन के अंतिम रविवार को पीथमपुर में कांवड़ यात्रा निकाली गई। श्रद्धालु जानापाव से पवित्र जल लेकर 100 किलोमीटर से ज्यादा पैदल चले। कांवड़िए सोमवार को पीथमश्वर मंदिर में भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक करेंगे।
महाआरती के बाद शुरू हुई यात्रा
विनायक मित्र मंडल की ओर से कांवड़ यात्रा का आयोजन किया गया। यात्रा की शुरुआत जानापाव से हुई। यहां भगवान महाकाल की विशेष महाआरती की गई। इसके बाद पूजन-अर्चन हुआ। पूजा के बाद सैकड़ों श्रद्धालु कांवड़ लेकर पैदल रवाना हुए। इनमें युवा, महिलाएं और बच्चे भी शामिल रहे।

251 कांवड़िए हुए शामिल
यात्रा में करीब 251 कांवड़िए शामिल हुए। सभी केसरिया और भगवा वस्त्रों में नजर आए। हाथों में कांवड़ और जुबां पर भगवान शिव के जयकारे रहे। पीथमपुर पहुंचने पर शहरवासियों ने कांवड़ियों का स्वागत किया।
सामाजिक और धार्मिक संगठनों ने भी स्वागत मंच लगाए। जगह-जगह पुष्पवर्षा की गई। श्रद्धालुओं के लिए जलपान और विश्राम की व्यवस्था की गई।
शिव की झांकी रही आकर्षण का केंद्र
कांवड़ यात्रा में भगवान शिव की झांकी भी शामिल रही। झांकी को देखने के लिए सड़क के दोनों ओर लोगों की भीड़ जमा रही। पूरे मार्ग पर शिवभक्ति का माहौल बना रहा।
11वें वर्ष में पहुंची यात्रा
विनायक मित्र मंडल के संदीप सिंह ने बताया कि कांवड़ यात्रा का आयोजन नगर की सुख-समृद्धि और जनकल्याण की कामना के लिए किया जा रहा है। यह यात्रा इस वर्ष 11वें वर्ष में प्रवेश कर चुकी है।
सोमवार को होगा जलाभिषेक
कांवड़िए देर रात विश्वास नगर पहुंचेंगे। सोमवार सुबह सभी श्रद्धालु नर्मदेश्वर मंदिर परिसर में एकत्र होंगे। यहां विधि-विधान से भगवान भोलेनाथ का पवित्र जल से जलाभिषेक किया जाएगा।