मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ₹30 करोड़ की सीवर लाइन परियोजना का किया भूमिपूजन, बोले – “हर समाज को साथ लेकर चलना ही हमारी सरकार का उद्देश्य”

इंदौर, 27 अक्टूबर 2025।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव सोमवार को ब्लू लोटस गार्डन, इंदौर में आयोजित भूमिपूजन समारोह और सामाजिक समरसता सम्मेलन में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 4 के अंतर्गत अमृत 2.0 योजना के तहत सुदामा नगर सेक्टर-डी और ई में ₹30 करोड़ की लागत से 34.235 किलोमीटर लंबी सीवर लाइन बिछाने के कार्य का भूमिपूजन किया।
यह परियोजना क्षेत्र के नागरिकों को ड्रेनेज चोकिंग की समस्या से स्थायी राहत प्रदान करेगी और जल-मल निकासी व्यवस्था में बड़ा सुधार लाएगी।

मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि इंदौर नगर निगम की यह परियोजना नागरिक सुविधाओं के उन्नयन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने कहा कि दिवाली का यह शुभ अवसर जनकल्याण कार्यों की शुरुआत के लिए मंगलकारी है।
डॉ. यादव ने कहा कि सरकार का उद्देश्य हर वर्ग और समाज को साथ लेकर समान अवसर और विकास के मार्ग पर आगे बढ़ना है। उन्होंने कहा — “हमारा उद्देश्य अंतिम व्यक्ति तक सुख और सुविधा पहुँचाना है। पंडित दीनदयाल उपाध्याय के अंत्योदय विचार को मूर्त रूप देने का प्रयास हमारी हर योजना में झलकता है।”
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने आदिवासी समाज और वंचित वर्गों के सशक्तिकरण के लिए कई ऐतिहासिक निर्णय लिए हैं — जबलपुर में रानी दुर्गावती के नाम पर कैबिनेट बैठक और खरगोन में टंट्या मामा विश्वविद्यालय की स्थापना इसका उदाहरण हैं।
मुख्यमंत्री ने राज्य की आर्थिक प्रगति पर भी प्रकाश डालते हुए कहा कि पहले जहाँ प्रदेश का बजट ₹20 हजार करोड़ था, वहीं आज यह बढ़कर ₹4 लाख करोड़ रुपये तक पहुँच गया है। किसानों के लिए सरकार ने ₹2,600 प्रति क्विंटल की दर से गेहूं खरीदकर किसान सम्मान के अपने वचन को निभाया है।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “2047 अमृत काल” के विजन के अनुरूप मध्यप्रदेश में विकास के नए मानक स्थापित किए जा रहे हैं। इंदौर और भोपाल को जोड़ने वाले मेट्रोपॉलिटन सर्किट से मालवा क्षेत्र देश के प्रमुख विकास केंद्रों में शामिल होगा।
सामाजिक समरसता सम्मेलन में विधायक श्रीमती मालिनी गौड़, महापौर श्री पुष्यमित्र भार्गव और श्री सुमित मिश्रा ने भी अपने विचार व्यक्त किए। वक्ताओं ने कहा कि मुख्यमंत्री की जनसेवा भावना और समरसता की नीति ने प्रदेश में नई राजनीतिक संस्कृति को जन्म दिया है।
कार्यक्रम में मंत्री श्री तुलसीराम सिलावट, विधायक श्रीमती मालिनी गौड़, महापौर श्री पुष्यमित्र भार्गव, पूर्व महापौर श्री कृष्ण मुरारी मोघे, सफाई कर्मचारी आयोग के अध्यक्ष श्री प्रताप करोसिया, संभागायुक्त डॉ. सुदाम खाड़े, पुलिस कमिश्नर श्री संतोष कुमार सिंह, कलेक्टर श्री शिवम वर्मा, नगर निगम आयुक्त श्री दिलीप कुमार यादव समेत अनेक जनप्रतिनिधि और नागरिक उपस्थित रहे।
अंत में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने दीपावली और देव दिवाली की शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि “हर त्योहार जनकल्याण और विकास की प्रेरणा देने वाला होना चाहिए, यही सच्चे अर्थों में समरस समाज की पहचान है।”






