मध्यप्रदेश कैबिनेट की बैठक में अहम फैसले: स्थापित होंगे फास्ट ट्रैक कोर्ट, 85 करोड़ की परियोजनाओं को दी मंजूरी

भोपाल। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आज सुबह 11 बजे मंत्रालय में कैबिनेट बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में प्रदेश के विकास, निवेश और जनकल्याण से जुड़े कई महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर चर्चा के बाद फैसला लिया गया।
गुरु पूर्णिमा को “श्रद्धा पर्व” के रूप में मनाएगा
भोपाल मध्यप्रदेश कैबिनेट की बैठक में कई अहम फैसले लिए गए। मंत्री राकेश सिंह ने बैठक की जानकारी देते हुए बताया कि प्रदेश में फास्ट ट्रैक कोर्ट, निवेश, खेल, सिंचाई और जनसंपर्क से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं। पहली बैठक नए मुख्य सचिव के साथ हुई। पूर्व मुख्य सचिव अनुराग जैन को नीति आयोग में नियुक्ति पर बधाई दी गई। महर्षि सांदीपनि के नाम पर गुरु पूर्णिमा को “श्रद्धा पर्व” के रूप में मनाया जाएगा।

मध्यप्रदेश में स्थापित होंगे फास्ट ट्रैक कोर्ट
प्रदेश को आयुष्मान योजना के लिए राष्ट्रीय सम्मान मिला है। मध्यप्रदेश में फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित किए जाएंगे और पेपर लीक मामलों में तीन महीने के भीतर कार्रवाई सुनिश्चित करने के लिए स्टैंडर्ड प्रोटोकॉल तैयार होगा।
7 हजार करोड़ के निवेश को मंजूरी
कैबिनेट ने करीब 7 हजार करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव को मंजूरी दी, जिससे 3 हजार से अधिक रोजगार सृजित होंगे। भोपाल में महिला हॉकी एशियन चैंपियंस ट्रॉफी का आयोजन होगा, जिसमें 200 से अधिक खिलाड़ी हिस्सा लेंगे।

समर्थन मूल्य बोनस भुगतान योजना को भी मंजूरी
बैठक में 1800 करोड़ रुपये की विभिन्न योजनाओं की निरंतरता, सिंचाई परियोजनाओं, विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी सहायता योजना के 110 करोड़ रुपये और भोपाल में आइशर सेंटर के ड्रोन टेक्नोलॉजी प्रोजेक्ट को 85.5 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई। साथ ही मंदसौर में विधि विभाग के नए पदों और समर्थन मूल्य बोनस भुगतान योजना को भी मंजूरी मिली।
हर शुक्रवार “जन विश्वास अभियान”
ईज ऑफ डूइंग बिजनेस के तहत लाइसेंस के बार-बार नवीनीकरण की आवश्यकता खत्म करने का निर्णय लिया गया। वहीं, हर शुक्रवार “जन विश्वास अभियान” चलाया जाएगा, जिसमें मंत्री, जनप्रतिनिधि और अधिकारी सीधे जनता के बीच जाकर योजनाओं पर संवाद और समस्याओं का समाधान करेंगे।