इंदौर कलेक्टर कार्यालय में ‘नो हेलमेट, नो एंट्री’: बिना हेलमेट परिसर में प्रवेश बंद; सरकारी दफ्तरों में भी लागू होगा नियम

इंदौर। कलेक्टर कार्यालय में अब बिना हेलमेट के दोपहिया वाहन से आने वालों को परिसर में प्रवेश नहीं मिलेगा। प्रशासन ने सड़क सुरक्षा को लेकर ‘नो हेलमेट, नो एंट्री’ व्यवस्था लागू की है। रविवार को कलेक्टर कार्यालय के मुख्य गेट पर इसका असर भी दिखाई दिया। सुरक्षा कर्मचारियों ने बिना हेलमेट पहुंचे लोगों को परिसर में प्रवेश नहीं दिया।
कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि सड़क दुर्घटनाओं को रोकने और लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से यह व्यवस्था शुरू की गई है। उन्होंने कहा कि नियम केवल आम लोगों के लिए नहीं, बल्कि शासकीय अधिकारियों और कर्मचारियों के लिए भी अनिवार्य रहेगा।

बाइक पर हेलमेट और कार में सीट बेल्ट जरूरी
कलेक्टर ने कहा कि दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट और कार में सीट बेल्ट लगाना हर व्यक्ति की अपनी सुरक्षा के लिए जरूरी है। दुर्घटना की स्थिति में सुरक्षा उपकरण गंभीर चोट से बचाने में मदद कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि कलेक्टर परिसर में आने वाले हर व्यक्ति से अपील की गई है कि वह हेलमेट पहनकर आए और अपनी सुरक्षा का ध्यान रखे। इसका उद्देश्य किसी को परेशान करना नहीं, बल्कि लोगों को सुरक्षा नियमों के प्रति जागरूक करना है।
अन्य सरकारी कार्यालयों में भी लागू होगी व्यवस्था
प्रशासन के मुताबिक, यह व्यवस्था जिले के उन सभी सरकारी कार्यालयों में लागू की जाएगी, जहां आम लोगों का आना-जाना रहता है। शासकीय सेवक हों या आम नागरिक, सभी को सुरक्षा नियमों का पालन करना होगा।