धार के 120 पीएम आवास में गड़बड़ी: 25 नए मकान बने बांकी कागजों में; सहायक सचिव ने कहा- अभी फंड नहीं

धार। ग्राम पंचायत में प्रधानमंत्री आवास योजना समेत कई शासकीय योजनाओं में कथित भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। शिकायतकर्ता ने कलेक्टर को आवेदन देकर पंचायत में हुए विभिन्न निर्माण कार्यों और भुगतान की जांच कराने की मांग की है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि पंचायत में करीब 120 प्रधानमंत्री आवास स्वीकृत हुए, लेकिन मौके पर लगभग 25 ही नए मकान बने हैं।
आरोप है कि करीब 10 साल पुराने मकानों की पुताई कर उन्हें प्रधानमंत्री आवास के रूप में दर्शाया गया और नाम लिख दिए गए। बाकी आवासों की राशि में भी अनियमितता किए जाने का आरोप लगाया गया है।
एक ही खेत-तालाब को दो कार्यों में दिखाने का आरोप
खेत-तालाब योजना में भी गड़बड़ी का आरोप है। शिकायत के अनुसार विक्रम पिता जय सिंह के नाम से एक ही खेत-तालाब को दो अलग-अलग कार्यों के रूप में दर्शाया गया। इसके अलावा फर्जी मस्टर रोल भरकर मजदूरी की राशि निकालने का आरोप भी लगाया गया है।
सीसी रोड के ऊपर दोबारा सड़क बनाने का आरोप
शिकायत में एससी रोड और सीसी रोड निर्माण में भी इंजीनियर की मिलीभगत से अनियमितता किए जाने का आरोप है। आरोप है कि पहले से बनी सीसी रोड के ऊपर दोबारा सीसी रोड बना दी गई। सड़क की मोटाई करीब डेढ़ से दो इंच रखकर मूल्यांकन किए जाने की बात कही गई है। निर्माण के 2 से 3 महीने बाद ही कई जगह सड़क टूटने और गिट्टी उखड़ने का दावा किया गया है।
चार साल से पंचायत की बैठक नहीं होने का आरोप
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि करीब चार साल से पंचायत की नियमित बैठकें नहीं हुईं। इसके बावजूद फर्जी हस्ताक्षर कर कोरम पूरा दिखाया गया। शिकायत में पंचायत के प्रस्ताव और बैठक रजिस्टर की जांच कराने की मांग की गई है।
नल-जल योजना में भी जांच की मांग
नल-जल योजना को लेकर भी ठेकेदार से मिलीभगत कर टंकी और पाइपलाइन का काम कराने तथा भुगतान लेने का आरोप लगाया गया है। शिकायतकर्ता का कहना है कि योजना के तहत काम होने के बावजूद एक दिन भी लोगों को पानी नहीं मिला।
सहायक सचिव ने आरोपों पर क्या कहा
ग्राम पंचायत नेवासा के सहायक सचिव विक्रम ने आरोपों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि समय-समय पर पंचायत में जो भी योजनाएं आती हैं, उन्हें पंचायत द्वारा पूर्ण कराया जाता रहा है। उन्होंने कहा कि पंचायत में अधिकांश कार्य पूरे कर दिए गए हैं। जो कार्य अभी शेष हैं, उन्हें अगली किश्त या आगामी स्वीकृति मिलने पर पूरा कराया जाएगा।
कलेक्टर से दस्तावेज और मौके की जांच की मांग
शिकायतकर्ता ने कलेक्टर से प्रधानमंत्री आवास, खेत-तालाब, सड़क, नल-जल योजना, मस्टर रोल, भुगतान रिकॉर्ड और पंचायत बैठकों के दस्तावेजों की जांच कराने की मांग की है। शिकायत में कहा गया है कि मौके पर निर्माण कार्यों की स्थिति और सरकारी रिकॉर्ड का मिलान कराया जाए। अनियमितता प्रमाणित होने पर संबंधित जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाए।