झाबुआ में राशन वितरण को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा: 2 महीने से राशन नहीं मिलने का आरोप; कलेक्टर को सौंपा ज्ञापन

झाबुआ। जिले के ग्राम डुमपाड़ा में शासकीय उचित मूल्य की दुकान से राशन वितरण में अनियमितता को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी है। बड़ी संख्या में ग्रामीण कांग्रेस आदिवासी विभाग के जिला अध्यक्ष आयुष ओहारी के नेतृत्व में कलेक्टर कार्यालय पहुंचे और मामले की जांच व कार्रवाई की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा।
दो महीने से राशन नहीं मिलने का आरोप
ग्रामीणों के मुताबिक, डुमपाड़ा में रामेश्वर बहुउद्देशीय संस्था द्वारा उचित मूल्य की दुकान का संचालन किया जा रहा है। उनका आरोप है कि पिछले करीब दो महीने से अधिकांश हितग्राहियों को राशन नहीं मिला है। गांव में करीब 350 राशन कार्डधारी हितग्राही पंजीकृत हैं, लेकिन ग्रामीणों का कहना है कि इनमें से लगभग 50 कार्डों पर ही राशन वितरण किया गया है। इससे बड़ी संख्या में पात्र परिवारों के सामने परेशानी खड़ी हो गई है।

खराब गुणवत्ता के राशन की भी शिकायत
ग्रामीणों ने दुकान से पहले वितरित किए गए राशन की गुणवत्ता पर भी सवाल उठाए। उनका आरोप है कि पूर्व में मिला राशन खराब गुणवत्ता का था और खाने योग्य नहीं था। ग्रामीणों का यह भी कहना है कि वर्तमान में दुकान संचालक की ओर से राशन का स्टॉक खत्म होने की बात कही जा रही है। इस स्थिति को लेकर हितग्राहियों में नाराजगी बनी हुई है।
पहले भी अधिकारियों को दी थी जानकारीग्रामीणों ने बताया कि मामले की जानकारी पहले जिला खाद्य अधिकारी को भी दी जा चुकी है। उस समय संबंधित अधिकारियों ने समस्या का जल्द समाधान कराने का आश्वासन दिया था, लेकिन ग्रामीणों के मुताबिक अब तक स्थिति में कोई स्थायी सुधार नहीं हुआ।

निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग
ग्रामीणों ने कलेक्टर से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और अनियमितता के लिए जिम्मेदार पाए जाने वाले लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। साथ ही पात्र हितग्राहियों को नियमित रूप से गुणवत्तापूर्ण राशन उपलब्ध कराने की मांग भी रखी गई।