इंदौर में तेज आवाज पर प्रशासन सख्त: ध्वनि प्रदूषण के 250 से ज्यादा मामलों में कार्रवाई; लाउडस्पीकर और डीजे पर नजर

इंदौर। शहर में ध्वनि प्रदूषण रोकने के लिए जिला प्रशासन ने सख्ती बढ़ा दी है। तेज आवाज में लाउडस्पीकर और डीजे बजाने वालों पर कार्रवाई की जा रही है। कलेक्टर शिवम वर्मा ने बताया कि अब तक 250 से ज्यादा मामलों में कार्रवाई की जा चुकी है।
कलेक्टर ने कहा कि इंदौर को स्वच्छ शहर के साथ शांत शहर भी बनाना है। इसके लिए प्रशासन लगातार अभियान चला रहा है। जहां से भी तेज आवाज को लेकर शिकायत मिलती है, वहां टीम भेजकर कार्रवाई की जा रही है।
देर रात तक डीजे और तेज आवाज पर रोक
शहर में ध्वनि प्रदूषण को रोकने के लिए कोलाहल अधिनियम और भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू है। इसके तहत तेज आवाज में लाउडस्पीकर बजाने, देर रात तक डीजे चलाने और तय मानक से ज्यादा ध्वनि करने पर रोक है।
नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ संबंधित थानों में प्रकरण दर्ज किए जा रहे हैं। कई मामलों में लाउडस्पीकर जब्त करने के साथ जुर्माने की कार्रवाई भी की गई है।
250 से ज्यादा मामलों में कार्रवाई
कलेक्टर शिवम वर्मा के अनुसार अब तक करीब 250 मामलों में कार्रवाई की जा चुकी है। प्रशासन की टीमें लगातार ऐसे स्थानों पर नजर रख रही हैं, जहां तेज आवाज को लेकर शिकायतें मिल रही हैं। उन्होंने कहा कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। शिकायत मिलने पर संबंधित टीम को मौके पर भेजकर कार्रवाई की जाएगी।

311 पर कर सकते हैं शिकायत
कलेक्टर ने नागरिकों से अपील की है कि अगर उनके आसपास तेज आवाज में लाउडस्पीकर या डीजे बज रहा है और इससे परेशानी हो रही है तो नगर निगम के हेल्पलाइन नंबर 311 पर शिकायत कर सकते हैं। इसके अलावा 311 ऐप के माध्यम से भी शिकायत दर्ज की जा सकती है।
शिकायत मिलने के बाद उसे संबंधित थाने तक भेजा जाता है। इसके बाद पुलिस और नगर निगम की टीम मौके पर पहुंचकर स्थिति की जांच करती है और नियमों के उल्लंघन पर कार्रवाई करती है।
नागरिकों से सहयोग की अपील
कलेक्टर ने कहा कि प्रशासन की कार्रवाई के साथ नागरिकों का सहयोग भी जरूरी है। सभी लोग ध्वनि प्रदूषण से जुड़े नियमों का पालन करें। इससे शहर का माहौल शांत और बेहतर बनाने में मदद मिलेगी।