एसबीआई प्लैटिनम स्कॉलरशिप के आवेदन शुरू, यह विद्यार्थी होंगे पात्र, इस तरह करे आवेदन
देश की सबसे बड़ी छात्रवृत्ति योजनाओं में से एक SBI Platinum Jubilee Asha Scholarship 2026-27 के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। ऑनलाइन आवेदन 22 जुलाई से शुरू हो चुके हैं। स्कॉलरशिप के लिए एलिजिबल छात्र 4 सितंबर 2026 तक आवेदन कर सकते हैं। आर्थिक रूप से कमजोर लेकिन मेधावी विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए वित्तीय सहायता देने के उद्देश्य से यह स्कॉलरशिप शुरू की गई है।
यह छात्र कर सकते है आवेदन
कक्षा 9 के छात्रों से लेकर ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन, मेडिकल, IIT, IIM और विदेश में पढ़ाई करने वाले छात्र भी इसके लिए आवेदन कर सकते हैं। आवेदन करने के लिए सामान्य वर्ग के छात्रों के पिछले शैक्षणिक वर्ष में कम से कम 75 प्रतिशत अंक या 7.5 CGPA होना जरूरी है। वहीं SC/ST वर्ग के लिए न्यूनतम 65 प्रतिशत और PwBD (दिव्यांग) श्रेणी के लिए 60 प्रतिशत अंक निर्धारित किए गए हैं। इसके अलावा अभ्यार्थी के परिवार की वार्षिक आय 6 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए। साथ ही छात्र ने किसी मान्यता प्राप्त संस्थान में प्रवेश लिया हो तब ही उसे इस योजना का लाभ मिलेगा।
यह दस्तावेज आवश्यक
आवेदन के समय छात्रों को शैक्षणिक प्रमाण-पत्र, आधार कार्ड या अन्य वैध फोटो पहचान पत्र, पासपोर्ट साइज फोटो, आय प्रमाण-पत्र, बैंक पासबुक, एडमिशन लेटर या बोनाफाइड सर्टिफिकेट, फीस रसीद तथा आरक्षित वर्ग के अभ्यर्थियों के लिए जाति प्रमाण-पत्र जैसे दस्तावेज अपलोड करने होंगे। जरूरत के अनुसार एंट्रेंस एग्जाम स्कोरकार्ड, ऑफर लेटर या दिव्यांगता प्रमाण-पत्र भी मांगा जा सकता है।
इस तरह करे आवेदन
आवेदन के लिए उम्मीदवारों को आधिकारिक वेबसाइट sbiashascholarship.co.in पर जाकर Apply Now पर क्लिक करना होगा। इसके बाद रजिस्ट्रेशन कर लॉगिन करें और SBI Platinum Jubilee Asha Scholarship 2026-27 का चयन करें। आवेदन फॉर्म में मांगी गई जानकारी भरने के बाद आवश्यक दस्तावेज अपलोड करें और फॉर्म सबमिट कर दें।
आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के मेधावी छात्रों के लिए बनाई योजना
बता दें कि SBI Platinum Jubilee Asha Scholarship का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के मेधावी छात्रों को कक्षा 9 से लेकर विदेश में उच्च शिक्षा तक आर्थिक सहायता उपलब्ध कराना है, ताकि पैसों की कमी किसी भी छात्र की पढ़ाई में बाधा न बने। इस वर्ष योजना के तहत चयनित छात्रों पर 130 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किए जाएंगे। साथ ही, कुल छात्रवृत्तियों में 50 प्रतिशत सीटें महिला उम्मीदवारों के लिए आरक्षित रखी गई हैं।