ईरान युद्ध के बीच अमेरिका ने ताइवान को हथियारों की बिक्री रोकी
अमेरिका ने ताइवान को हथियारों की बिक्री रोकी
United States ने ईरान के साथ जारी युद्ध के बीच Taiwan को हथियारों की बिक्री अस्थायी रूप से रोक दी है। यह जानकारी अमेरिकी नौसेना के कार्यवाहक सचिव Hung Cao ने सीनेट की सुनवाई के दौरान दी।
सीनेट में उठा ताइवान को हथियार बिक्री का मुद्दा
सुनवाई के दौरान शीर्ष रिपब्लिकन नेता Mitch McConnell ने हंग काओ से सवाल किया कि अमेरिका ने ताइवान को हथियार खरीदने के लिए प्रोत्साहित किया था, लेकिन अब अचानक बिक्री रोक दी गई है।
मैककोनेल ने पूछा:
“हमने ताइवान को अमेरिका से हथियार खरीदने के लिए प्रोत्साहित किया है। मगर अचानक से बिक्री रोक दी गई है। इस रोक को लेकर ताइवान की ओर से क्या प्रतिक्रिया मिल रही है?”
‘एपिक फ्यूरी’ के लिए गोला-बारूद सुरक्षित रखना प्राथमिकता
हंग काओ ने जवाब में कहा कि उन्होंने ताइवान के अधिकारियों से इस विषय पर सीधे बातचीत नहीं की है, लेकिन हथियारों की बिक्री इसलिए रोकी गई है ताकि अमेरिका के पास ‘एपिक फ्यूरी’ मिशन के लिए पर्याप्त गोला-बारूद मौजूद रहे।
उन्होंने कहा:
“हमने ताइवान को हथियार बेचे हैं, लेकिन फिलहाल यह सुनिश्चित करने के लिए बिक्री रोकी गई है कि हमारे पास आवश्यक सैन्य संसाधन उपलब्ध रहें।”
काओ ने यह भी दावा किया कि अमेरिका के पास पर्याप्त मात्रा में गोला-बारूद मौजूद है।
ट्रंप प्रशासन तय करेगा अगला कदम
हंग काओ के अनुसार, जब Donald Trump प्रशासन को उचित लगेगा, तब हथियारों की बिक्री फिर से शुरू की जा सकती है।
उन्होंने कहा कि यह फैसला रक्षा सचिव और विदेश सचिव के स्तर पर लिया जाएगा।
मैककोनेल ने जताई चिंता
मिच मैककोनेल ने इस फैसले पर चिंता जताते हुए कहा कि यही बात सबसे ज्यादा परेशान करने वाली है, क्योंकि ताइवान की सुरक्षा और क्षेत्रीय संतुलन के लिहाज से अमेरिकी समर्थन अहम माना जाता है।
यह फैसला ऐसे समय में सामने आया है जब चीन-ताइवान तनाव पहले से बना हुआ है और अमेरिका की सैन्य प्राथमिकताओं को लेकर नए सवाल खड़े हो रहे हैं।
