मध्य प्रदेश में आधी रात बड़ा फेरबदल: 62 IPS अफसरों के तबादले, 19 जिलों के SP बदले

मध्य प्रदेश में शनिवार देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए राज्य सरकार ने 62 आईपीएस अधिकारियों के तबादले कर दिए। गृह विभाग द्वारा जारी इस आदेश में एडीजी, डीआईजी, एसपी और डीसीपी स्तर तक व्यापक बदलाव किए गए हैं। यह सूची लंबे समय से लंबित थी, जिसे डॉ. मोहन यादव और कैलाश मकवाणा के बीच चर्चा के बाद अंतिम रूप दिया गया।
इस बड़े फेरबदल के तहत 19 जिलों के पुलिस अधीक्षकों (SP) को बदल दिया गया है। सिंगरौली में हाल ही में हुए बैंक डकैती कांड के बाद एसपी मनीष खत्री को हटाकर एआईजी पीएचक्यू बनाया गया है। वहीं सिवनी के चर्चित हवाला कांड के बाद एसपी सुनील मेहता को हटाकर डीसीपी इंदौर नियुक्त किया गया है।
वरिष्ठ स्तर पर भी बड़े बदलाव किए गए हैं। राजा बाबू सिंह को एडीजी प्रशिक्षण से एडीजी रेल बनाया गया है, जबकि रवि कुमार गुप्ता को स्पेशल डीजी रेल से स्पेशल डीजी प्रशिक्षण की जिम्मेदारी दी गई है। इसके अलावा कई डीआईजी स्तर के अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं और 13 पुलिस अधीक्षकों को पदोन्नति देकर डीआईजी बनाया गया है।
इंदौर और भोपाल जैसे बड़े शहरों में भी महत्वपूर्ण बदलाव देखने को मिले हैं। कई अतिरिक्त पुलिस आयुक्त और पुलिस उपायुक्त स्तर के अधिकारियों को नई पोस्टिंग दी गई है, जिससे शहरी पुलिस व्यवस्था को और मजबूत करने की कोशिश की गई है।
जिलों में बदलाव की बात करें तो दतिया, शिवपुरी, रीवा, सागर, धार, मुरैना, छतरपुर, खंडवा, सिवनी, दमोह सहित कई जिलों में नए पुलिस अधीक्षक तैनात किए गए हैं। वहीं कुछ अधिकारियों को पुनः कप्तानी सौंपी गई है, जबकि कई अधिकारियों का कार्यकाल तीन वर्ष पूरा होने के चलते स्थानांतरण किया गया है।
राज्य सरकार के इस फैसले को प्रशासनिक कसावट और कानून-व्यवस्था को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है। लगातार सामने आ रहे अपराध और मामलों के मद्देनजर यह फेरबदल अहम माना जा रहा है, जिससे पुलिस व्यवस्था में नई ऊर्जा और जवाबदेही लाने की कोशिश की गई है।






