ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर्स एसोसिएशन (एसीए) ने खारिज किया बीबीएल का निजीकरण (प्राइवेटाइजेशन), संकट में क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया!
ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर्स एसोसिएशन (एसीए) के मुख्य कार्यकारी पॉल मार्श ने खिलाड़ियों को ईमेल भेजकर वर्तमान मॉडल और भुगतान संरचना (मेमोरैंडम ऑफ अंडरस्टैंडिंग – MOU) पर असहमति जताई है। असल में खिलाड़ियों का ये मानना है कि विदेशी खिलाड़ियों को उनसे 1 से 2 लाख ऑस्ट्रेलियाई डॉलर अधिक मिलते हैं, साथ ही में वर्तमान एमओयू प्रस्ताव से खिलाड़ियों के राजस्व शेयर में कोई सुधार नहीं हो रहा है।
क्या है पूरी कहानी?
पिछले कई महीने से ऑस्ट्रेलिया की टी20 लीग, बीबीएल को निजीकरण करने की बात चल रही है। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया बीबीएल को प्राइवेटाइज करना चाहता है जिससे इस टूर्नामेंट की खोई हुई लोकप्रियता वापस आ सके। असल में कुछ समय से बाक़ी देशों के t20 लीग आने से बीबीएल की लोकप्रियता काफ़ी कम हो गई है। और क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया इस निजीकरण पर काफ़ी समय से चर्चा कर रहा है।
समस्या में क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया
क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया पहले ही मेलबर्न रेनेगेड्स को बेचने और मेलबर्न स्टार्स के साथ विलय (मर्जर) करने के प्रस्ताव से एक राज्य संघ, क्रिकेट विक्टोरिया ने इस प्रक्रिया पर और सवाल खड़े कर दिए है।
पॉल मार्श ने कहा कि आगे की प्रक्रिया एसीए की सहमति के बिना आगे नहीं बढ़ सकती, खिलाड़ियों का वेतन बढ़ाना इस योजना का मुख्य उद्देश्य है। सोमवार को होने वाले निजीकरण प्रस्ताव के अहम मतदान से पहले रविवार शाम एसीए द्वारा भेजे गए ईमेल ने क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया की योजना पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं।
