बांग्लादेश: अवामी लीग नेता सेलीना हयात आइवी जमानत पर रिहा, समर्थकों ने किया स्वागत

बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना की पार्टी अवामी लीग की वरिष्ठ नेता और नारायणगंज सिटी कॉर्पोरेशन की पूर्व मेयर सेलीना हयात आइवी को जमानत पर रिहा कर दिया गया है। करीब एक वर्ष तक जेल में रहने के बाद उनकी रिहाई को अवामी लीग के लिए बड़ी राहत माना जा रहा है।

रिपोर्टों के अनुसार, सेलीना हयात आइवी को बुधवार रात लगभग 10:15 बजे गाजीपुर की काशिमपुर सेंट्रल महिला जेल से रिहा किया गया। इसके बाद वह देर रात अपने गृह नगर नारायणगंज स्थित देवभोग इलाके में अपने घर पहुंचीं। उनकी रिहाई की खबर मिलते ही बड़ी संख्या में समर्थक, रिश्तेदार और शुभचिंतक उनके स्वागत के लिए एकत्र हो गए।

रिहाई के बाद जनता और न्यायपालिका का जताया आभार

घर पहुंचने के बाद सेलीना हयात आइवी ने सबसे पहले देशवासियों, न्यायपालिका और संबंधित अधिकारियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि उन्हें उम्मीद है कि देश में ऐसी मानवीय व्यवस्था विकसित होगी जो सभी नागरिकों के साथ न्यायपूर्ण व्यवहार करेगी।

उन्होंने जेल में बंद अन्य महिलाओं का भी उल्लेख करते हुए कहा कि कई महिलाएं ऐसी हैं जो निर्दोष होने के बावजूद कारावास में हैं और उनके मामलों पर भी संवेदनशीलता से विचार किया जाना चाहिए।

कई मामलों में हुई थी गिरफ्तारी

सेलीना आइवी को पिछले वर्ष मई में नारायणगंज स्थित उनके आवास से गिरफ्तार किया गया था। उनके खिलाफ कुल 12 मामले दर्ज किए गए थे। इनमें 2024 के भेदभाव-विरोधी आंदोलन से जुड़े हत्या और हत्या के प्रयास के मामले भी शामिल थे।

हालांकि, उन्हें विभिन्न मामलों में समय-समय पर जमानत मिलती रही, लेकिन अन्य मामलों में नाम आने के कारण उनकी रिहाई संभव नहीं हो पा रही थी। पिछले महीने उच्च न्यायालय द्वारा दो मामलों में अंतरिम जमानत दिए जाने के बाद उनकी रिहाई का मार्ग प्रशस्त हुआ।

नारायणगंज की लोकप्रिय नेता रही हैं आइवी

सेलीना हयात आइवी बांग्लादेश की प्रमुख महिला नेताओं में गिनी जाती हैं। उन्होंने नारायणगंज की स्थानीय राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है और आतंकवाद तथा आपराधिक गतिविधियों के खिलाफ मुखर रुख अपनाने के लिए जानी जाती हैं।

वर्ष 2011 के स्थानीय चुनाव में उन्होंने प्रभावशाली राजनीतिक नेता शमीम उस्मान को एक लाख से अधिक मतों के अंतर से हराकर सुर्खियां बटोरी थीं। उनकी राजनीतिक पहचान एक जनसमर्थन वाली नेता के रूप में रही है।

समर्थकों ने किया भव्य स्वागत

जेल से रिहा होने के बाद उनके घर पहुंचने पर समर्थकों और शुभचिंतकों ने फूलों के गुलदस्ते भेंट कर उनका स्वागत किया। कई सामाजिक संगठनों, पत्रकारों और स्थानीय नेताओं ने भी उनसे मुलाकात कर शुभकामनाएं दीं।

विश्लेषकों का मानना है कि सेलीना हयात आइवी की रिहाई बांग्लादेश की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों में एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम है, जिस पर देश की राजनीतिक पार्टियों और आम जनता की नजर बनी हुई है।

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