इंदौर के फाइव स्टार होटल खाद्य विभाग की जांच में हुए फेल: मैरियट में सीलिंग रिस रहा पानी; मेडिकल फिटनेस रिकॉर्ड भी अधूरे

इंदौर। त्योहारी सीजन से पहले खाद्य सुरक्षा विभाग ने फाइव स्टार होटलों की साफ सफाई और व्यवस्थाओं की जांच की। विभाग की टीम ने शहर के पांच बड़े होटलों में औचक निरीक्षण किया।
मैरियट से लेकर रेडिसन ब्लू, रेडिसन रेड और ग्रैंड शेराटन तक जांच की गई, जहां खाद्य सुरक्षा और स्वच्छता से जुड़ी कई खामियां सामने आईं। खाद्य पदार्थों के सैंपल लेकर उन्हें लैब जांच के लिए भेजा गया है।
व्यवस्था और सफाई में मिली कमियां
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मैरियट, द पार्क, रेडिसन ब्लू, रेडिसन रेड और ग्रैंड शेराटन होटल में औचक निरीक्षण किया। जांच के दौरान कई जगह स्वच्छता, लेबलिंग और खाद्य पदार्थों के स्टोरेज में कमियां मिलीं। मैरियट होटल के किचन में जलभराव, फिसलन और सीलिंग से पानी रिसने की शिकायत सामने आई, जबकि कुछ जगह जंग लगी ट्रे और पुराने चॉपिंग बोर्ड भी मिले।
लेबलिंग में भी मिली गड़बड़ी
द पार्क होटल में FSSAI लाइसेंस निर्धारित स्थान पर प्रदर्शित नहीं मिला। किचन में जंग और सफाई की कमी के साथ ऑटोमैटिक डोर क्लोजर की व्यवस्था भी नहीं मिली। वहीं रेडिसन ब्लू में इम्पोर्टेड फूड प्रोडक्ट्स पर जरूरी लेबलिंग जानकारी नहीं पाई गई।
FIFO और FEFO सिस्टम में भी खामियां
रेडिसन रेड में भी लेबलिंग के साथ FIFO और FEFO सिस्टम में खामियां सामने आईं। ग्रैंड शेराटन में खराब स्थिति में मिले सूरजमुखी के बीज मौके पर ही नष्ट कराए गए। इसके अलावा कई होटलों में फूड हैंडलर्स के मेडिकल फिटनेस रिकॉर्ड अधूरे मिले, वहीं पेयजल की पेस्टिसाइड टेस्टिंग रिपोर्ट भी उपलब्ध नहीं मिली।
सैम्पल लैब जांच के लिए भेजे
विभाग ने खाद्य पदार्थों के सैम्पल लेकर लैब जांच के लिए भेजे हैं और संबंधित होटलों को सुधार के निर्देश दिए हैं। नियमों के तहत नोटिस जारी करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है। खाद्य अधिकारी मनीष स्वामी के मुताबिक खाद्य गुणवत्ता और उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य से किसी भी तरह का समझौता नहीं किया जाएगा और त्योहारी सीजन को देखते हुए जांच अभियान आगे भी जारी रहेगा।