| |

रिंग रोड से प्रभावित किसानों को राहत: 12 गांवों के लिए संयुक्त निरीक्षण दल बना; NHAI के इंजीनियर भी शामिल होंगे

इंदौर। ग्रेटर इंदौर पश्चिमी रिंग रोड से प्रभावित 12 गांवों की समस्याओं को दूर करने के लिए हातोद प्रशासन ने एक संयुक्त निरीक्षण टीम बनाई है। इस टीम में राजस्व विभाग, NHAI और जनप्रतिनिधि शामिल हैं, जो गांवों में जाकर जलभराव, सर्विस रोड और मुआवजे से जुड़ी समस्याओं की जांच करेंगे। किसानों के साथ हुई बैठक में इन मुद्दों के समाधान पर सहमति बनी है।

SDO का बड़ा फैसला
हातोद एसडीओ ने निर्देश दिए हैं कि रिंग रोड निर्माण के कारण जिन गांवों और खेतों में पानी भरने की समस्या हो रही है, वहां तुरंत जांच कर रिपोर्ट बनाई जाए। इस जांच टीम में राजस्व अधिकारी, NHAI के इंजीनियर और क्षेत्र के जनप्रतिनिधि शामिल होंगे।

नवंबर तक मुआवजा प्रकरण निपटाने का लक्ष्य
बैठक में प्रशासन ने किसानों को भरोसा दिलाया कि रुका हुआ मुआवजे के मामलों को प्राथमिकता से निपटाया जाएगा। अधिकारियों का लक्ष्य है कि नवंबर 2026 तक अधिकतर मामलों का समाधान कर दिया जाए। प्रभावित किसानों की मदद के लिए अलग हेल्प डेस्क भी बनाई जाएगी, जहां उन्हें दस्तावेज और आवेदन से जुड़ी सहायता मिलेगी।

सर्विस रोड और जल निकासी पर विशेष ध्यान
कई गांवों के किसानों ने शिकायत की थी कि निर्माण कार्य के कारण खेतों तक पहुंच बाधित हो रही है और बारिश में पानी भरने से फसल नुकसान की आशंका बढ़ गई है। प्रशासन ने इन समस्याओं के समाधान के लिए विशेष तकनीकी दल बनाने का निर्णय लिया है, जो सर्विस रोड और जल निकासी व्यवस्था की जांच करेगा।

मुआवजा विवाद में किसानों को प्रशासन की मदद

कुछ किसानों ने मुआवजे की राशि को लेकर असहमति जताई है। ऐसे मामलों में किसान आर्बिट्रेशन के लिए अदालत जा सकेंगे। जिला प्रशासन ने कहा है कि प्रभावित किसानों को आवश्यक विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी ताकि वे नियमानुसार अपना पक्ष रख सकें।

 

Share