नेपाल में सार्वजनिक परिवहन महंगा, किराए में 17 से 22% तक बढ़ोतरी लागू

Nepal सरकार ने सार्वजनिक परिवहन के किराए में 17 से 22 प्रतिशत तक बढ़ोतरी का फैसला किया है। नई दरें बुधवार से लागू हो गई हैं, जिससे आम यात्रियों पर सीधा असर पड़ेगा।
भौतिक पूर्वाधार एवं परिवहन मंत्रालय के तहत यह निर्णय पेट्रोलियम पदार्थों की कीमतों में आई तेज बढ़ोतरी के बाद लिया गया है। परिवहन मंत्री Sunil Lamsal की मंजूरी के बाद विभाग ने किराया समायोजन लागू किया।
नई व्यवस्था के तहत यात्री किराए में औसतन 16.71 प्रतिशत की वृद्धि की गई है। वहीं माल ढुलाई दरों में भी इजाफा हुआ है, जिसमें तराई क्षेत्र में 15.75 प्रतिशत और पहाड़ी क्षेत्रों में 21.68 प्रतिशत तक बढ़ोतरी की गई है।
नेपाल यातायात व्यवसायी राष्ट्रीय महासंघ के अनुसार अंतरराष्ट्रीय बाजार में ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी और अन्य तकनीकी कारणों के चलते किराया बढ़ाना आवश्यक हो गया था। लंबे समय से परिवहन व्यवसायी किराया संशोधन की मांग कर रहे थे।
विशेषज्ञों का मानना है कि इस फैसले का असर आम जनता की दैनिक यात्रा के साथ-साथ उपभोक्ता वस्तुओं की कीमतों पर भी पड़ेगा, जिससे महंगाई बढ़ सकती है।
सरकार द्वारा निर्धारित वैज्ञानिक किराया समायोजन प्रणाली के अनुसार वाहन किराए में पेट्रोलियम की हिस्सेदारी 35 प्रतिशत और अन्य खर्चों—जैसे बीमा, बैंक ब्याज, टायर, स्पेयर पार्ट्स आदि—का 65 प्रतिशत योगदान होता है।
नियमों के अनुसार, यदि ईंधन की कीमतों में 5 प्रतिशत का बदलाव होता है, तो किराया स्वतः समायोजित किया जाएगा। यह व्यवस्था परिवहन क्षेत्र में लागत और किराए के बीच संतुलन बनाए रखने के लिए लागू की गई है।






