खैबर पख्तूनख्वा में नया नियम: विदेशी से शादी से पहले सरकारी अनुमति अनिवार्य

Pakistan के Khyber Pakhtunkhwa प्रांत में सरकारी कर्मचारियों के लिए एक नया नियम लागू किया गया है, जिसके तहत अब किसी भी विदेशी नागरिक से विवाह करने से पहले सरकार की अनुमति लेना अनिवार्य होगा।
📜 सरकार की मंजूरी के बिना शादी पर कार्रवाई
प्रांतीय सरकार द्वारा जारी अधिसूचना के अनुसार, यदि कोई कर्मचारी बिना अनुमति के विदेशी नागरिक से विवाह करता है, तो इसे कदाचार (Misconduct) माना जाएगा और उसके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जा सकती है।
यह नियम “खैबर पख्तूनख्वा सिविल सर्वेंट्स (विदेशी नागरिकों से विवाह पर प्रतिबंध) नियम, 2026” के तहत तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।
🌍 “विदेशी नागरिक” और विवाह की परिभाषा
नियमों में स्पष्ट किया गया है कि:
- “विदेशी नागरिक” वह व्यक्ति होगा जो पाकिस्तान का नागरिक नहीं है
- “विवाह” किसी भी कानून या धार्मिक परंपरा के तहत हुए संबंध को माना जाएगा
🔍 सुरक्षा जांच अनिवार्य
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि:
- विदेशी जीवनसाथी की सुरक्षा और पहचान की जांच अनिवार्य होगी
- गृह और जनजातीय मामलों का विभाग संबंधित एजेंसियों के माध्यम से जांच करेगा
- आवेदक को चरित्र प्रमाण पत्र और हलफनामा देना होगा
⚖️ किन आधारों पर मिलेगी अनुमति?
सरकार अनुमति देते समय कई पहलुओं पर विचार करेगी, जैसे:
- जीवनसाथी की राष्ट्रीयता
- उस देश के साथ पाकिस्तान के कूटनीतिक संबंध
- सुरक्षा और सेवा से जुड़े संभावित प्रभाव
🔄 पुराने मामलों की भी होगी समीक्षा
सरकार ने यह भी साफ किया है कि जो कर्मचारी पहले ही बिना अनुमति विदेशी नागरिक से विवाह कर चुके हैं, उनके मामलों की भी पुनः समीक्षा की जाएगी।
👉 यह फैसला सुरक्षा और प्रशासनिक हितों को ध्यान में रखते हुए लिया गया है, जिसे विशेषज्ञ एक कड़े लेकिन रणनीतिक कदम के रूप में देख रहे हैं।






