इज़राइल के प्रधानमंत्री का बड़ा बयान: ईरान के खिलाफ अभियान शुरू, नागरिकों से सतर्क रहने की अपील

इज़राइल के प्रधानमंत्री ने राष्ट्र के नाम संबोधन में ईरान के खिलाफ एक बड़े अभियान की घोषणा करते हुए कहा कि इज़राइल और अमेरिका ने मिलकर ईरान से उत्पन्न खतरे को समाप्त करने के लिए कार्रवाई शुरू की है। अपने संदेश में उन्होंने इसे देश की सुरक्षा और अस्तित्व से जुड़ा कदम बताया।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का धन्यवाद करते हुए कहा कि इस अभियान में अमेरिका का समर्थन महत्वपूर्ण रहा है। उन्होंने कहा कि पिछले कई दशकों से ईरान का शासन इज़राइल और अमेरिका के खिलाफ आक्रामक रुख अपनाता रहा है और क्षेत्रीय स्थिरता के लिए खतरा बना हुआ है।
अपने बयान में उन्होंने यह भी कहा कि किसी भी ऐसे शासन को परमाणु हथियार हासिल करने की अनुमति नहीं दी जा सकती, जो वैश्विक सुरक्षा के लिए जोखिम पैदा कर सकता है। प्रधानमंत्री के अनुसार, यह अभियान न केवल इज़राइल की सुरक्षा के लिए बल्कि क्षेत्र में स्थिरता बनाए रखने के उद्देश्य से भी शुरू किया गया है।
उन्होंने ईरान के नागरिकों का जिक्र करते हुए कहा कि मौजूदा हालात उनके लिए अपने भविष्य को नए सिरे से तय करने का अवसर बन सकते हैं। साथ ही उन्होंने विभिन्न समुदायों से एक स्वतंत्र और शांतिपूर्ण भविष्य की दिशा में आगे बढ़ने की अपील की।
इज़राइल के नागरिकों को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि आने वाले दिनों में “ऑपरेशन शेर की दहाड़” के दौरान सभी को सतर्क रहने और होम फ्रंट कमांड के निर्देशों का पालन करने की आवश्यकता होगी। उन्होंने कहा कि यह समय धैर्य और साहस का है और देश एकजुट होकर हर चुनौती का सामना करेगा।
मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच इस बयान को बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजर अब इस पर है कि आगे की सैन्य और कूटनीतिक स्थिति किस दिशा में बढ़ती है।






