आलीराजपुर में धरने पर बैठे कर्मचारी: 30 से ज्यादा मांगों को लेकर सौंपा ज्ञापन; नियमितीकरण की कर रहे मांग

आलीराजपुर। भारतीय मजदूर संघ के राष्ट्रीय आह्वान पर सोमवार को जिले के अलग-अलग कर्मचारी संगठनों ने अपनी लंबित मांगों को लेकर प्रदर्शन किया। संघ से जुड़े कर्मचारियों ने प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के नाम अपर कलेक्टर सोहन कनास को ज्ञापन सौंपा।
इसमें आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका, कोटवार, बिजली आउटसोर्स कर्मचारी, पैसा मोबिलाइजर और सांझा चूल्हा समूहों की 30 से ज्यादा मांगें शामिल थीं। भारतीय मजदूर संघ ने बताया कि इन मांगों को लेकर 17 नवंबर 2025 को भी शासन को ज्ञापन दिया गया था। इसके बावजूद कई मांगों पर अब तक फैसला नहीं हुआ है। संघ ने सरकार से लंबित मांगों का जल्द निराकरण करने की मांग की।
आंगनवाड़ी कर्मचारियों ने मांगा सरकारी कर्मचारी का दर्जा
आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और सहायिकाओं ने सरकारी कर्मचारी का दर्जा देने की मांग की। कार्यकर्ताओं का मानदेय कम से कम 30 हजार और सहायिकाओं का 20 हजार रुपए प्रतिमाह करने की मांग रखी गई।
इसके साथ महंगाई भत्ता, पेंशन, चिकित्सा सुविधा, ESIC, EPF और ग्रेच्युटी जैसी सुविधाएं देने की मांग भी की गई। सेवानिवृत्ति पर 10 लाख रुपए की एकमुश्त राशि, समय पर मानदेय और पुराने बकाये का भुगतान करने की मांग रखी गई।

38 हजार कोटवारों को नियमित करने की मांग
कोटवार कर्मचारी संघ ने प्रदेश के करीब 38 हजार कोटवारों को नियमित करने की मांग की। योग्य कोटवारों को पदोन्नति का लाभ देने और भूमिधारी कोटवारों को सेवाभूमि का मालिकाना हक देने की मांग भी रखी गई।
बिजली आउटसोर्स कर्मचारियों ने मांगी नौकरी की सुरक्षा
बिजली विभाग के आउटसोर्स कर्मचारियों ने वेतन बढ़ाकर 30 हजार रुपए प्रतिमाह करने और 62 वर्ष की उम्र तक नौकरी की सुरक्षा देने की मांग की। नियमित भर्ती में अनुभवी कर्मचारियों को पात्रता परीक्षा में 30 बोनस अंक देने और बिना कारण बताए नौकरी से नहीं हटाने की मांग भी की गई। कर्मचारियों ने जोखिम भत्ता देने की मांग भी रखी।

पैसा मोबिलाइजरों की बहाली की मांग
वनवासी पंचायतों में पैसा एक्ट के तहत काम करने वाले पैसा मोबिलाइजरों ने अपनी बहाली और रोजगार सुरक्षित करने की मांग की। संगठन ने कहा कि इन कर्मचारियों के परिवार उनकी आय पर निर्भर हैं, इसलिए उनका रोजगार जारी रखा जाए।
सांझा चूल्हा समूहों ने मानदेय बढ़ाने की मांग की
सांझा चूल्हा समूहों ने हर महीने राशि और खाद्यान्न समय पर देने की मांग की। महंगाई को देखते हुए राशि बढ़ाने, रसोइयों को स्कूलों की तरह मानदेय देने और समूह संचालकों के लिए भी मानदेय तय करने की मांग रखी गई।
ज्ञापन सौंपते समय भारतीय मजदूर संघ के जिलामंत्री धनसिंह कनेश, आंगनवाड़ी कार्यकर्ता-सहायिका संघ की प्रदेश उपाध्यक्ष मंजुला लोहार, जिलाध्यक्ष कमला रावत, आजाद कोटवार संघ जिलाध्यक्ष कुंवरसिंह भिंडे, पैसा मोबिलाइजर जिलाध्यक्ष ईमान कलेश, सांझा चूल्हा समूह जिलाध्यक्ष सुषमा और आउटसोर्स विद्युत विभाग जिलाध्यक्ष राकेश डावर सहित बड़ी संख्या में पदाधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।