कोलंबो सुरक्षा सम्मेलन के लिए बांग्लादेश के एनएसए खलीलुर रहमान दिल्ली पहुँचे, हिंद महासागर क्षेत्रीय सुरक्षा पर होगी अहम चर्चा

बांग्लादेश के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) खलीलुर रहमान कोलंबो सुरक्षा सम्मेलन (CSC) की बैठक में हिस्सा लेने के लिए निर्धारित कार्यक्रम से एक दिन पहले ही नई दिल्ली पहुँचे। यह आमंत्रण भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल की ओर से दिया गया है, जो इस क्षेत्रीय सुरक्षा मंच में बांग्लादेश की भूमिका को और मजबूत बनाता है। मुख्य सलाहकार की प्रेस शाखा ने बताया कि डॉ. रहमान की यह यात्रा हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा सहयोग को गहरा करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
दो दिवसीय यह सम्मेलन सदस्य और पर्यवेक्षक देशों के शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों को एक मंच पर लाता है। सम्मेलन का मुख्य उद्देश्य समुद्री सुरक्षा, आतंकरोधी उपायों, साइबर सुरक्षा और अंतरराष्ट्रीय अपराधों के खिलाफ सहयोग को मजबूत करना है। बदलते भू-राजनीतिक परिदृश्य में CSC का महत्व तेजी से बढ़ता जा रहा है, जहाँ सदस्य देश साझा खतरों के समाधान और क्षेत्रीय स्थिरता पर केंद्रित चर्चाएँ करेंगे।
सीएससी सहयोग के पाँच मुख्य स्तंभों पर आधारित है—समुद्री सुरक्षा, आतंकवाद और कट्टरपंथ का मुकाबला, तस्करी और अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध से निपटना, साइबर सुरक्षा और महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकी की सुरक्षा, तथा मानवीय सहायता और आपदा राहत। यह ढांचा हिंद महासागर क्षेत्र में सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए एक समन्वित दृष्टिकोण प्रदान करता है।
बांग्लादेश को 2024 में औपचारिक रूप से CSC के पाँचवें सदस्य देश के रूप में शामिल किया गया था। वर्तमान में CSC में भारत, श्रीलंका, मॉरीशस, मालदीव और बांग्लादेश शामिल हैं, जबकि सेशेल्स पर्यवेक्षक के रूप में भाग लेता है। विशेषज्ञों का मानना है कि बांग्लादेश की भागीदारी से क्षेत्रीय सुरक्षा साझेदारी को नई गति मिलेगी और हिंद महासागर में स्थिरता को और मजबूती मिलेगी।






