उज्जैन में खड़े हनुमान मंदिर पर कार्रवाई शुरू: पुलिस बल तैनात; प्रतिमा टंकी चौक पर होगी स्थापित

उज्जैन। खड़े हनुमान मंदिर को हटाने को लेकर जारी विरोध के बीच शुक्रवार सुबह नगर निगम का अमला कार्रवाई के लिए मौके पर पहुंच गया।
टीम के पहुंचते ही मंदिर परिसर में हलचल बढ़ गई और अधिकारियों ने हटाने की प्रक्रिया शुरू कर दी। कार्रवाई की खबर फैलते ही आसपास के रहवासी भी बड़ी संख्या में वहां पहुंचने लगे।
लोगों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के इंतजाम किए हैं। मौके पर पुलिस बल तैनात है और पूरे क्षेत्र में स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
चौक का नाम बदलकर हनुमान चौराहा रखेंगे
नगर निगम की योजना के तहत खड़े हनुमान मंदिर की प्रतिमा को हटाकर टंकी चौक पर नए स्थान पर स्थापित किया जाएगा। इस फैसले को लेकर स्थानीय लोगों ने सुझाव दिया है कि प्रतिमा की स्थापना के बाद टंकी चौक का नाम बदलकर हनुमान चौराहा रखा जाए। उनका कहना है कि इससे धार्मिक स्थल की पहचान और सम्मान दोनों बढ़ेंगे।
खडे हनुमान चौराहा के नाम से रखने की मांग
मौके पर मौजूद शैलू यादव ने कहा कि वह भगवान हनुमान के अनन्य भक्त हैं और मंदिर हटाए जाने से उन्हें गहरा दुख पहुंचा है। उन्होंने स्पष्ट किया कि क्षेत्र के विकास में व्यापारियों की ओर से पूरा सहयोग रहेगा। उनका कहना है कि बावरी वाले हनुमान जी की प्रतिमा को सम्मान और धार्मिक विधि-विधान के साथ बड़े हनुमान चौराहे पर भव्य तरीके से स्थापित किया जाएगा। साथ ही जहाँ भगवान की प्रतिमा स्थापित होना है उस चौराहे का नाम टंकी चौक से बदलकर खडे हनुमान चौक रखा जाए।
पहले हुआ था विरोध
बता दे कि 30 अगस्त को मंदिर हटाने पहुंची नगर निगम की टीम को स्थानीय लोगों के कड़े विरोध का सामना करना पड़ा था। विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल कार्यकर्ताओं ने हाईवे पर प्रदर्शन करते हुए जाम लगाया था। मंदिर परिसर में भी बड़ी संख्या में लोग जुटे और हनुमान चालीसा का पाठ किया। विवाद के बाद शुक्रवार को पुलिस सुरक्षा के बीच निगम ने दोबारा कार्रवाई शुरू की।
बड़ा प्राचीन है मंदिर
मंदिर के पुजारी महेश बैरागी ने बताया कि, हमारी 5 पीढ़ी मंदिर की सेवा करते हुए हो गई है। यह मंदिर करीब 150 वर्ष से भी अधिक पुराना है। आज बाबा का स्थान परिवर्तन करने का है। प्रशासन ने हमें जो जमीन दी है। उसके कागज भी उपलब्ध करा दिए है। अब बाबा नई जगह शिफ्ट होने जा रहे है। प्रशासन हमारा पूरा सहयोग कर रहा है। इसलिए अब विरोध जैसी कोई बात नहीं है। लेकिन बाबा का स्थान परिवर्तन हो रहा है इससे मन में पीड़ा बहुत है।