असम के कोकराझाड़ में कानून-व्यवस्था बिगड़ने के बाद इंटरनेट सेवाएं निलंबित

असम के कोकराझाड़ जिले में उत्पन्न गंभीर कानून-व्यवस्था की स्थिति को देखते हुए राज्य सरकार ने मोबाइल इंटरनेट सेवाओं को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। यह आदेश अगले निर्देश तक प्रभावी रहेगा।
सड़क हादसे के बाद भड़का सामुदायिक तनाव
सरकारी आदेश के अनुसार, 19 जनवरी की रात कोकराझाड़ थाना क्षेत्र के कारिगांव आउटपोस्ट के पास मंसिंह रोड पर एक स्कॉर्पियो वाहन ने दो आदिवासी व्यक्तियों को टक्कर मार दी। इस घटना के बाद वाहन में सवार तीन बोडो युवकों को आसपास के आदिवासी ग्रामीणों ने कथित तौर पर पीट दिया और स्कॉर्पियो वाहन को आग के हवाले कर दिया।
राष्ट्रीय राजमार्ग जाम, आगजनी और पुलिस चौकी पर हमला
घटना के बाद बोडो और आदिवासी समुदायों के बीच तनाव बढ़ गया। इसके चलते कारिगांव आउटपोस्ट के समीप राष्ट्रीय राजमार्ग को अवरुद्ध कर दिया गया। प्रदर्शनकारियों ने टायर जलाए, कुछ घरों और एक कार्यालय भवन में आगजनी की, साथ ही कारिगांव आउटपोस्ट पर भी हमला किया गया।
स्थिति नियंत्रित करने के लिए RAF की तैनाती
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए प्रशासन ने रैपिड एक्शन फोर्स (RAF) को तैनात किया है। प्रशासन को आशंका है कि जिले में शांति और सार्वजनिक व्यवस्था और अधिक बिगड़ सकती है, इसलिए सुरक्षा बलों को सतर्क रखा गया है।
अफवाहों पर रोक के लिए इंटरनेट सेवाएं बंद
सरकार ने आशंका जताई है कि सोशल मीडिया और इंटरनेट के माध्यम से भड़काऊ संदेश और अफवाहें फैलाई जा सकती हैं, जिससे हालात और खराब हो सकते हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए मोबाइल इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगाने का फैसला लिया गया है।
वॉयस कॉल और ब्रॉडबैंड सेवाएं रहेंगी चालू
हालांकि, आदेश में स्पष्ट किया गया है कि इस दौरान वॉयस कॉल सेवाएं और फिक्स्ड लाइन आधारित ब्रॉडबैंड सेवाएं चालू रहेंगी। आदेश का उल्लंघन करने पर संबंधित नियमों के तहत दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।
यह अधिसूचना असम सरकार के गृह एवं राजनीतिक विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अजय तिवारी द्वारा राज्यपाल के आदेश से जारी की गई है।






