भारत की “रिफॉर्म एक्सप्रेस” तेज रफ्तार में, चालू वित्त वर्ष में जीडीपी वृद्धि 7.4% रहने का अनुमान: पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि भारत की “रिफॉर्म एक्सप्रेस” लगातार तेज गति से आगे बढ़ रही है। उन्होंने बताया कि चालू वित्त वर्ष में देश की वास्तविक सकल घरेलू उत्पाद (GDP) वृद्धि दर 7.4 प्रतिशत रहने का अनुमान है, जो पिछले वित्त वर्ष की 6.5 प्रतिशत वृद्धि दर से अधिक है।
जीडीपी के ताज़ा अनुमानों पर प्रतिक्रिया देते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि यह मजबूत आर्थिक प्रदर्शन एनडीए सरकार की निरंतर निवेश प्रोत्साहन नीतियों और मांग-आधारित सुधारों का परिणाम है। उन्होंने सोशल मीडिया पर साझा संदेश में कहा कि बुनियादी ढांचे के विकास, विनिर्माण को बढ़ावा, डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना और व्यापार में सुगमता जैसे क्षेत्रों में किए जा रहे प्रयास समृद्ध और विकसित भारत के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में केंद्रित हैं।
राष्ट्रीय सांख्यिकी कार्यालय (NSO) के आंकड़ों के अनुसार, चालू वित्त वर्ष में सेवा क्षेत्र देश की आर्थिक वृद्धि का प्रमुख चालक बना हुआ है। वित्तीय सेवाएं, रियल एस्टेट, पेशेवर सेवाएं और सार्वजनिक प्रशासन क्षेत्र में स्थिर कीमतों पर 9.9 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान लगाया गया है।
इसके अलावा व्यापार, होटल, परिवहन, संचार और प्रसारण सेवाओं में 7.5 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान है। द्वितीयक क्षेत्र की वृद्धि स्थिर रहने की संभावना है, जिसमें विनिर्माण और निर्माण क्षेत्र में लगभग 7 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज हो सकती है। वहीं कृषि क्षेत्र में 3.1 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान व्यक्त किया गया है।
सरकार द्वारा केंद्रीय बजट में घोषित आयकर छूट और इसके बाद वस्तु एवं सेवा कर (GST) दरों में कटौती के चलते वित्त वर्ष 2025-26 में वास्तविक निजी अंतिम उपभोग व्यय (PFCE) में लगभग 7 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान है। इससे घरेलू मांग को और मजबूती मिलने की संभावना जताई जा रही है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि सरकार की नीतियां निवेश, उपभोग और रोजगार के बीच संतुलन बनाकर भारत को दीर्घकालिक आर्थिक मजबूती देने की दिशा में काम कर रही हैं।






