केंद्रीय मंत्री सतीश दुबे ने SECL कार्यों की समीक्षा की, कोयला उत्पादन और विकास योजनाओं पर जोर
Satish Chandra Dubey ने दक्षिण पूर्वी कोयला क्षेत्र लिमिटेड (SECL) के कार्य संचालन, कोयला उत्पादन और भविष्य की विकास योजनाओं की समीक्षा की। केंद्रीय कोयला एवं खान राज्य मंत्री ने SECL के एक दिवसीय दौरे के दौरान कंपनी के परिचालन प्रदर्शन, अवसंरचना परियोजनाओं और विकास कार्यों का जायजा लिया।
दौरे के दौरान केंद्रीय मंत्री ने Vishnu Deo Sai से रायपुर में मुलाकात की। इस बैठक में राज्य में कोयला उत्पादन, अवसंरचना विकास, लॉजिस्टिक्स कनेक्टिविटी, ऊर्जा सुरक्षा और औद्योगिक विकास जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा की गई। बैठक का उद्देश्य प्रमुख विकास परियोजनाओं को गति देना और कोयला उत्पादक क्षेत्रों में आर्थिक विकास एवं रोजगार के अवसर बढ़ाना था।
मंत्री ने छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा कोयला क्षेत्र के विकास में दिए जा रहे सहयोग की सराहना करते हुए कहा कि केंद्र और राज्य सरकारों के समन्वय से देश की ऊर्जा सुरक्षा को और मजबूती मिलेगी।
SECL मुख्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान कोयला उत्पादन, परिवहन, गुणवत्ता प्रबंधन, सुरक्षा, डिजिटलीकरण, पर्यावरणीय स्थिरता, कोयला गैसीकरण परियोजनाओं, खदान बंद करने की प्रक्रिया, CSR गतिविधियों और भविष्य की योजनाओं पर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक में SECL के मुख्य कार्यकारी अधिकारी Harish Duhan ने बताया कि वित्त वर्ष 2026-27 में कंपनी ने कोल इंडिया के 100 मिलियन टन संचयी उत्पादन लक्ष्य में 26.86 मिलियन टन का सर्वोच्च योगदान दिया है। उन्होंने देश की बढ़ती ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने के लिए SECL की प्रतिबद्धता दोहराई।
इस अवसर पर कंपनी के वरिष्ठ अधिकारी, सतर्कता विभाग के प्रतिनिधि और कोयला मंत्रालय के अधिकारी भी उपस्थित रहे।






