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साकेत इमारत हादसा: मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने किया घटनास्थल का दौरा, दोषियों पर कार्रवाई का दिया आश्वासन

दक्षिण दिल्ली के सैदुल्लाजाब इलाके में हुए दर्दनाक इमारत हादसे के बाद दिल्ली की मुख्यमंत्री Rekha Gupta ने रविवार को घटनास्थल का दौरा कर स्थिति का जायजा लिया। इस हादसे में अब तक दो लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि आठ लोग घायल बताए जा रहे हैं। घायलों में तीन की हालत गंभीर बनी हुई है।

मुख्यमंत्री ने लिया राहत कार्यों का जायजा

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने राहत एवं बचाव अभियान की समीक्षा करते हुए अधिकारियों से घटनास्थल की जानकारी ली। उन्होंने मीडिया से बातचीत में कहा कि बचाव अभियान अभी भी जारी है और डॉक्टरों सहित सभी संबंधित टीमें मौके पर मौजूद हैं।

उन्होंने कहा कि मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालने के लिए अत्यंत सावधानी के साथ राहत कार्य चलाया जा रहा है और प्रशासन हर स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।

अवैध निर्माण पर होगी कार्रवाई

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि इस तरह की सभी अनाधिकृत इमारतों और उनके निर्माण के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

उन्होंने कहा कि इस घटना ने राजधानी में भवन सुरक्षा और निर्माण मानकों को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं, जिनकी जांच कर जिम्मेदार लोगों को चिन्हित किया जाएगा।

कई एजेंसियां जुटीं राहत कार्य में

मुख्यमंत्री के अनुसार राहत एवं बचाव कार्य में National Disaster Response Force, Delhi Fire Service, दिल्ली पुलिस, डीडीएमए, एमसीडी, सीएटीएस और नागरिक सुरक्षा की टीमें युद्धस्तर पर जुटी हुई हैं।

सभी एजेंसियां आपसी समन्वय के साथ कार्य कर रही हैं ताकि प्रभावित लोगों को शीघ्र राहत और सहायता उपलब्ध कराई जा सके।

कैसे हुआ हादसा?

गौरतलब है कि शनिवार शाम दक्षिण दिल्ली के साकेत मेट्रो स्टेशन के निकट स्थित सैदुल्लाजाब इलाके में एक चार मंजिला व्यावसायिक इमारत अचानक ढह गई थी। हादसे के बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई और धूल का घना गुबार फैल गया।

इमारत का भारी मलबा पास में स्थित टीन शेड के नीचे संचालित कैंटीन और आसपास की संरचनाओं पर जा गिरा। घटना के समय कैंटीन में मौजूद कुछ छात्र मलबे की चपेट में आ गए।

चौथी मंजिल पर चल रहा था निर्माण कार्य

दमकल विभाग के अनुसार शनिवार शाम 7:44 बजे हादसे की सूचना प्राप्त हुई थी। सूचना मिलते ही सात दमकल वाहनों को मौके पर भेजा गया।

प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि सैदुल्लाजाब की पांच नंबर लेन स्थित इस भवन की चौथी मंजिल पर निर्माण कार्य चल रहा था। राहत दल के पहुंचने तक पूरी इमारत कंक्रीट, सरियों और मलबे के विशाल ढेर में तब्दील हो चुकी थी।

जांच के बाद तय होगी जिम्मेदारी

प्रशासन ने हादसे की जांच शुरू कर दी है। भवन की निर्माण स्वीकृति, संरचनात्मक मजबूती और निर्माण कार्य की वैधता सहित सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने कहा कि प्रत्येक नागरिक की सुरक्षा सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और दोषियों के खिलाफ नियमानुसार कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

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