गुजरात के राजकोट हाईवे पर दर्दनाक हादसा: आग का गोला बनी ट्रैवल्स बस, 4 यात्री जिंदा जले

गुजरात के चोटीला-राजकोट नेशनल हाईवे पर देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में निजी ट्रैवल्स बस आग का गोला बन गई। हादसे में चार यात्रियों की जिंदा जलकर मौत हो गई, जबकि करीब 10 लोग झुलस गए। कई यात्रियों को गंभीर हालत में अस्पताल में भर्ती कराया गया है। प्रशासन के अनुसार मृतकों के शव इतनी बुरी तरह जल गए हैं कि उनकी पहचान डीएनए टेस्ट के जरिए ही संभव हो सकेगी।
जानकारी के मुताबिक, यह हादसा सांगाणी गांव के पास रात करीब 1:30 बजे हुआ। अहमदाबाद से राजकोट जा रही एक निजी ट्रैवल्स बस डामर (तारकोल) से भरे टैंकर से टकरा गई। बताया जा रहा है कि हादसे से पहले टैंकर का अचानक टायर फट गया, जिससे वह अनियंत्रित हो गया। पीछे से तेज रफ्तार में आ रही बस सीधे टैंकर से भिड़ गई।
टक्कर के तुरंत बाद बस में शॉर्ट सर्किट हुआ और कुछ ही पलों में पूरी बस आग की लपटों में घिर गई। हादसे के समय अधिकांश यात्री सो रहे थे, जिससे कई लोगों को बाहर निकलने का मौका तक नहीं मिला। जान बचाने के लिए कई यात्रियों ने बस के शीशे तोड़कर बाहर छलांग लगाई, लेकिन नीचे फैले गर्म डामर के कारण कुछ लोग गंभीर रूप से झुलस गए।
प्रशासन के मुताबिक, हादसे में करीब 20 से 25 यात्रियों को कांच तोड़कर सुरक्षित बाहर निकाला गया, जबकि 30 से 35 लोगों को बचाया गया। घायलों को पहले चोटीला में प्राथमिक उपचार दिया गया, बाद में गंभीर रूप से झुलसे लोगों को राजकोट सिविल अस्पताल रेफर कर दिया गया।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस और फायर ब्रिगेड की टीमें मौके पर पहुंचीं और काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, पास के पेट्रोल पंप से फायर सिलेंडर लाकर आग बुझाने की कोशिश की गई, लेकिन टैंकर से बह रहे गर्म डामर के कारण आग तेजी से फैलती चली गई।
इस भीषण राजकोट बस हादसा ने हाईवे सुरक्षा और रात में तेज रफ्तार वाहनों की निगरानी पर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रशासन ने हादसे की जांच शुरू कर दी है।






