खाड़ी संकट के बीच भारत सरकार सतर्क: 52 हजार से अधिक भारतीय सुरक्षित स्वदेश लौटे

पश्चिम एशिया और खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते तनाव के बीच भारत सरकार ने वहां रह रहे भारतीय नागरिकों की सुरक्षा को लेकर सतर्कता बढ़ा दी है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में मौजूद भारतीयों की सुरक्षा उसकी सर्वोच्च प्राथमिकता है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है।
विदेश मंत्रालय के अनुसार क्षेत्र में हवाई क्षेत्र आंशिक रूप से खुलने के बाद कई वाणिज्यिक और विशेष उड़ानें संचालित की जा रही हैं। इन उड़ानों के माध्यम से 01 से 07 मार्च के बीच 52,000 से अधिक भारतीय नागरिक खाड़ी देशों से सुरक्षित भारत लौट चुके हैं।
मंत्रालय ने बताया कि इनमें से 32,000 से अधिक यात्रियों ने भारतीय एयरलाइनों की उड़ानों का उपयोग किया। सरकार आने वाले दिनों में और उड़ानों की व्यवस्था करने की योजना बना रही है ताकि जरूरत पड़ने पर अधिक भारतीयों को सुरक्षित वापस लाया जा सके।
सरकार ने खाड़ी देशों में रह रहे भारतीयों से स्थानीय प्रशासन के निर्देशों और भारतीय दूतावासों द्वारा जारी सलाह का पालन करने की अपील की है। विभिन्न देशों में स्थित भारतीय दूतावास और वाणिज्य दूतावासों ने 24 घंटे चलने वाली हेल्पलाइन भी शुरू की है, ताकि जरूरतमंद लोगों को तत्काल सहायता मिल सके।
इसके अलावा नई दिल्ली में विदेश मंत्रालय ने एक विशेष नियंत्रण कक्ष स्थापित किया है, जो प्रभावित लोगों और उनके परिवारों से आने वाले सवालों और सहायता अनुरोधों की निगरानी कर रहा है।
सरकार ने कहा है कि जहां वाणिज्यिक उड़ानें उपलब्ध नहीं हैं, वहां भारतीय नागरिक अपने नजदीकी भारतीय दूतावास या वाणिज्य दूतावास से संपर्क कर आवश्यक जानकारी प्राप्त करें।
भारत सरकार ने यह भी संकेत दिया है कि यदि स्थिति और गंभीर होती है तो क्षेत्रीय सरकारों के साथ समन्वय कर अतिरिक्त सहायता और निकासी व्यवस्था भी की जा सकती है, ताकि सभी भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।






