भारतीय वुशु टीम से नाम हटाने पर दिव्यांशी ने बनाया ईमोशनल वीडियो: बोली- अब सुसाइड करना पड़ेगा; यह मेरा आखरी वीडियो

भारतीय वुशु टीम से नाम हटने के बाद दिव्यांशी ने एक भावुक वीडियो शेयर किया है। एशियन गेम्स के लिए पहले घोषित भारतीय टीम में शामिल राजस्थान की दिव्यांशी चौधरी को आखिरी समय में बाहर कर दिया।
इसके बाद दिव्यांशी ने 9 मिनट का वीडियो जारी कर चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाए और आत्महत्या की बात कही। उनका दावा है कि जून में हुए फाइनल सिलेक्शन ट्रायल में उन्होंने 60 किग्रा वर्ग में रोशिबीना देवी को दो बार हराया था।
उनका कहना है कि इसके बावजूद एशियन गेम्स की टीम से उनका नाम हटा दिया गया। दिव्यांशी के मुताबिक उन्हें भारतीय टीम की जर्सी और किट भी मिल चुकी थी और सेरेमनी भी हो चुकी थी।
चोट को लेकर फेडरेशन और दिव्यांशी के दावे अलग
वुशु एसोसिएशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष जितेंद्र सिंह ने कहा कि दिव्यांशी चोटिल हैं और इसी वजह से उन्हें एशियन गेम्स में नहीं भेजा जा रहा। उनका कहना है कि दिव्यांशी जिस मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर खुद को फिट बता रही हैं, वह निजी डॉक्टर की रिपोर्ट है। SAI की मेडिकल रिपोर्ट में उन्हें पूरी तरह फिट नहीं बताया गया है।
डॉक्टर ने खेलने के लिए सक्षम बताया
वहीं दिव्यांशी का कहना है कि श्रीनगर कैंप के दौरान उनके कंधे में चोट लगी थी। उन्होंने डॉक्टर को दिखाया था और उन्हें टेपिंग के साथ खेलने की सलाह दी गई थी। उनका दावा है कि उनकी MRI रिपोर्ट कोच और फेडरेशन के पास थी और डॉक्टर ने उन्हें खेलने के लिए सक्षम बताया था।
पिता ने भी सिलेक्शन पर उठाए सवाल
दिव्यांशी के पिता सुनील कुमार सुंडा का कहना है कि उनकी बेटी फाइनल चयन ट्रायल में पहले स्थान पर रही थी। इसके बाद वह तीन महीने तक SAI के भारतीय वुशु टीम कैंप में तैयारी करती रही। चोट के बावजूद दिव्यांशी ने चीन में इंटरनेशनल टूर्नामेंट में हिस्सा लिया और सिल्वर मेडल जीता।
कन्फर्म थी एंट्री
उनका दावा है कि एशियन गेम्स के लिए दिव्यांशी का चयन हो चुका था और जापान के लिए अंतिम एंट्री भी कन्फर्म थी। बाद में उनका नाम हटाकर रोशिबीना देवी को शामिल किया गया।
रोशिबीना पर चोट पहुंचाने का आरोप
दिव्यांशी और उनके पिता ने आरोप लगाया कि श्रीनगर कैंप के दौरान रोशिबीना देवी ने जानबूझकर दिव्यांशी के कंधे में चोट पहुंचाई। वुशु एसोसिएशन के अध्यक्ष ने इस आरोप से इनकार किया। उन्होंने कहा कि वुशु मार्शल आर्ट का खेल है और मुकाबले के दौरान चोट लगना संभव है।
2026 में टूर्नामेंट में सिल्वर मेडल जीता था
दिव्यांशी 60 किलो वर्ग में सांदा खेलती हैं। उन्होंने 2024 जूनियर वर्ल्ड वुशु चैंपियनशिप में ब्रॉन्ज मेडल और जून 2026 में चीन में हुए टूर्नामेंट में सिल्वर मेडल जीता था। वह 2017 से कोटा की महाबली स्पोर्ट्स एकेडमी में ट्रेनिंग कर रही हैं।