100वें टेस्ट में अंपायरिंग कर इतिहास रचने वाले रॉड टकर को ICC की बधाई, बने चौथे अंपायर
नई दिल्ली। अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) ने ऑस्ट्रेलिया के वरिष्ठ अंपायर रॉड टकर को उनके 100वें टेस्ट मैच में ऑन-फील्ड अंपायरिंग पूरी करने पर बधाई दी है। टकर ने यह ऐतिहासिक उपलब्धि लॉर्ड्स क्रिकेट ग्राउंड पर खेले जा रहे मुकाबले के दौरान हासिल की और टेस्ट क्रिकेट इतिहास में इस मुकाम तक पहुंचने वाले केवल चौथे अंपायर बन गए।
इस विशेष उपलब्धि के उपलक्ष्य में पूर्व आईसीसी टेस्ट अंपायर इयान गोल्ड ने रॉड टकर को स्मृति चिह्न के रूप में क्रिस्टल ट्रॉफी भेंट की। क्रिकेट जगत में टकर को उनकी निष्पक्षता, सटीक निर्णय क्षमता और दबाव की परिस्थितियों में शांत बने रहने के लिए विशेष पहचान मिली है।
आईसीसी अध्यक्ष जय शाह ने उन्हें बधाई देते हुए कहा कि रॉड टकर विश्व क्रिकेट के सबसे सम्मानित अंपायरों में शामिल हैं। उन्होंने कहा कि 100 टेस्ट मैचों का आंकड़ा इस बात का प्रमाण है कि क्रिकेट प्रशासकों और खिलाड़ियों ने वर्षों तक उन पर भरोसा किया है। जय शाह के अनुसार टकर का अनुभव और पेशेवर प्रतिबद्धता दुनिया भर के अंपायरों के लिए प्रेरणा का स्रोत है।
अपनी उपलब्धि पर रॉड टकर ने कहा कि क्रिकेट हमेशा से उनका जुनून रहा है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इतने लंबे समय तक अंपायरिंग करना उनके लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने आईसीसी, क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया, न्यू साउथ वेल्स क्रिकेट अंपायर्स एंड स्कोरर्स एसोसिएशन, अपने सहयोगियों और परिवार का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनके सहयोग के बिना यह उपलब्धि संभव नहीं थी।
रॉड टकर अब टेस्ट क्रिकेट के प्रतिष्ठित “100 टेस्ट क्लब” में शामिल हो गए हैं, जिसमें उनसे पहले केवल अलीम डार (145 टेस्ट), स्टीव बकनर (128 टेस्ट) और रूडी कोएर्टजन (108 टेस्ट) शामिल हैं।
टकर को वर्ष 2010 में एमिरेट्स आईसीसी एलीट पैनल ऑफ अंपायर्स में शामिल किया गया था। उन्होंने फरवरी 2010 में न्यूजीलैंड और बांग्लादेश के बीच हैमिल्टन में अपना पहला टेस्ट मैच अंपायर किया था।
अंपायर बनने से पहले रॉड टकर ऑस्ट्रेलिया के घरेलू क्रिकेट में एक सफल सीम गेंदबाजी ऑलराउंडर रहे। उन्होंने 1986 से 1999 के बीच न्यू साउथ वेल्स और तस्मानिया की ओर से 103 प्रथम श्रेणी मैच खेले, जिनमें 5076 रन बनाए और 123 विकेट हासिल किए।
रॉड टकर ने कई बड़े आईसीसी टूर्नामेंटों में भी अंपायरिंग की है। उन्होंने पुरुष क्रिकेट विश्व कप 2011, 2015, 2019 और 2023 में मैचों का संचालन किया। इसके अलावा चैम्पियंस ट्रॉफी 2013, 2017 और 2025 तथा टी20 विश्व कप के कई संस्करणों में भी उनकी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। उन्होंने 2013 चैम्पियंस ट्रॉफी फाइनल और 2016 टी20 विश्व कप फाइनल में भी अंपायरिंग की थी।
रॉड टकर की यह उपलब्धि अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में उनकी लंबी, सफल और सम्मानित यात्रा का एक महत्वपूर्ण पड़ाव मानी जा रही है।
