कक्षा 8 से 12 तक एआई कौशल को शिक्षा में शामिल किया जाए: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव

स्कूली शिक्षा में कक्षा 8 से 12 में एआई कौशल शामिल किया जाए : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
Mohan Yadav ने कहा है कि मध्य प्रदेश के स्कूलों में कक्षा 8 से 12 तक कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) कौशल को शिक्षा का हिस्सा बनाने के लिए कार्य योजना तैयार की जाए। साथ ही उन्होंने निर्देश दिए कि अतिथि शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया 1 जुलाई से पहले पूरी कर ली जाए, ताकि नए शैक्षणिक सत्र से पहले सभी व्यवस्थाएं सुनिश्चित हो सकें।
स्कूल शिक्षा विभाग की समीक्षा बैठक में दिए निर्देश
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने गुरुवार को मंत्रालय में स्कूल शिक्षा विभाग की योजनाओं और गतिविधियों की समीक्षा बैठक की। बैठक में स्कूल शिक्षा एवं परिवहन मंत्री Uday Pratap Singh भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सम्राट विक्रमादित्य की जीवनी को स्कूली पाठ्यक्रम में शामिल किया जाए और गुरु सांदीपनि के जीवन पर भी एक रोचक पुस्तक तैयार की जाए। उन्होंने कहा कि आधुनिक शिक्षा के साथ विद्यार्थियों को नई तकनीकों से जोड़ना जरूरी है, इसलिए एआई आधारित कौशल शिक्षा पर विशेष कार्य योजना बनाई जाए।
1 जुलाई से पहले पूरी होगी अतिथि शिक्षकों की भर्ती
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि 16 जून से शुरू होने वाले नए शैक्षणिक सत्र से पहले सभी तैयारियां पूरी कर ली जाएं। उन्होंने कहा कि अतिथि शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया 1 जुलाई से पहले पूरी होनी चाहिए।
इसके अलावा स्कूलों की जीर्ण-शीर्ण इमारतों की मरम्मत, बाउंड्री वॉल निर्माण और बुनियादी सुविधाओं को मजबूत करने पर भी जोर दिया गया।
स्कूलों में मिलेगा व्यावसायिक प्रशिक्षण
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि प्रदेश की शालाओं में व्यावसायिक प्रशिक्षण (Vocational Training) को बढ़ावा दिया जाए। हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी स्तर पर कृषि, पशुपालन, मत्स्य पालन और अन्य रोजगारपरक पाठ्यक्रमों को शामिल करने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने सुझाव दिया कि क्षेत्रीय स्व-सहायता समूहों को भी स्कूलों और विद्यार्थियों से जोड़ा जाए, ताकि व्यावहारिक प्रशिक्षण को बढ़ावा मिल सके।
‘शिक्षक वंदना कार्यक्रम’ और पूर्व छात्र सम्मेलन होंगे
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि 1 जुलाई से गुरु पूर्णिमा (29 जुलाई) तक “शिक्षक वंदना कार्यक्रम” आयोजित किया जाए। इसमें अभिभावकों और जनप्रतिनिधियों की भागीदारी भी सुनिश्चित की जाएगी।
साथ ही, स्कूलों में पूर्व छात्र-छात्रा सम्मेलन कराने की बात कही गई, ताकि पुराने विद्यार्थी अपने स्कूलों के विकास में योगदान दे सकें।
सरकारी स्कूलों में बढ़ा नामांकन
बैठक में जानकारी दी गई कि सरकारी स्कूलों में नामांकन दर में बढ़ोतरी दर्ज की गई है। वर्ष 2025-26 में कक्षा 1 में नामांकन करीब 32.4 प्रतिशत बढ़ा, जबकि कक्षा 9 से 12 तक 4.25 प्रतिशत की वृद्धि हुई है।
‘शिक्षा घर योजना’ को मिली सैद्धांतिक मंजूरी
मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने ‘शिक्षा घर योजना’ को भी सैद्धांतिक सहमति दी। इस योजना के तहत वे किशोर और युवा जो पढ़ाई बीच में छोड़ चुके हैं, उन्हें दोबारा हाईस्कूल और हायर सेकेंडरी परीक्षा पास करने का अवसर दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, आधुनिक तकनीक और रोजगारपरक कौशल उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है।






