ग्लोबल मार्केट में दबाव, एशियाई बाजारों में मिला-जुला रुख; कच्चे तेल और भू-राजनीतिक तनाव का असर

ग्लोबल मार्केट से आज कमजोरी के संकेत मिल रहे हैं, जिसका मुख्य कारण बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में तेजी है। ईरान द्वारा यूएई पर किए गए ताजा हमले के बाद निवेशकों की चिंता बढ़ गई है, जिससे वैश्विक बाजारों पर दबाव बना हुआ है।
अमेरिकी बाजारों में पिछले सत्र के दौरान गिरावट देखने को मिली। Dow Jones Industrial Average ऊपरी स्तर से करीब 550 अंक गिरकर बंद हुआ। वहीं S&P 500 0.41 प्रतिशत की गिरावट के साथ 7,200.75 अंक पर बंद हुआ। टेक्नोलॉजी आधारित NASDAQ Composite भी 0.20 प्रतिशत लुढ़ककर 25,065.27 अंक पर आ गया।
हालांकि आज Dow Jones Futures में हल्की तेजी देखी जा रही है और यह 0.14 प्रतिशत की बढ़त के साथ कारोबार कर रहा है, जो निवेशकों को कुछ राहत देता नजर आ रहा है।
यूरोपीय बाजारों में भी दबाव बना रहा। FTSE 100 0.14 प्रतिशत गिरा, जबकि CAC 40 में 1.74 प्रतिशत की बड़ी गिरावट दर्ज की गई। जर्मनी का DAX Index भी 1.26 प्रतिशत कमजोर होकर बंद हुआ।
इसके उलट, एशियाई बाजारों में आज मिला-जुला लेकिन ज्यादातर सकारात्मक रुख देखने को मिल रहा है। GIFT Nifty हल्की बढ़त के साथ कारोबार कर रहा है। जापान का Nikkei 225 0.38 प्रतिशत मजबूत हुआ, जबकि Shanghai Composite और Taiwan Weighted Index में भी मामूली तेजी दर्ज की गई।
इंडोनेशिया का Jakarta Composite Index सबसे बेहतर प्रदर्शन करते हुए करीब 1 प्रतिशत उछल गया। हालांकि Hang Seng Index और Straits Times Index में गिरावट देखने को मिली, जिससे एशियाई बाजारों का रुख पूरी तरह एकतरफा नहीं कहा जा सकता।
विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक कच्चे तेल की कीमतों और भू-राजनीतिक तनाव में स्थिरता नहीं आती, तब तक वैश्विक बाजारों में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है। निवेशकों को फिलहाल सतर्क रहने की सलाह दी जा रही है।






